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हंसा यह पिजड़ा नही तेरा

हंसा यह पिजड़ा नही तेरा ।। टेक ।। कंकड़ चुनि-चुनि महल बनायो, लोग कहे घर मेरा। ना घर तेरा ना घर मेरा, चिड़िया रैन बसेरा ।। 1 ।। बाबा दादा भाई भतीजा, कोई न चले...

Ankit Bansal 1 min read

साहिब नाम वाली माला तूं क्यों नी फेरदा

साहिब नाम वाली माला तूं क्यों नी फेरदा हसदियां रात लंघे पता नी सबेर दा...... कोई एथे आंवदा ए, कोई एथों जांवदा । जिहड़ा एथों जांवदा, मुड़के नी आंवदा। कदर की प...

Ankit Bansal 1 min read

संतन के संग लाग रे

संतन के संग लाग रे, तेरी अच्छी बनेगी ।। टेक ।। हंसन की गति हंसहि जाने, का जाने कोई काग रे ।। १ ।। संतन के संग पूरण कमाई, होय बड़ों तेरो भाग रे ।। २ ।। ध्रुव ...

Ankit Bansal 1 min read

जन्म-जन्मों से बुला रहे हो

जन्म-जन्मों से बुला रहे हो, तुम संग रिश्ता ज़रूर होगा। आप से नज़रें मिला ना पाएं, मेरी नज़र का कसूर होगा। तुम ही तो मेरे परम-पिता हो, तुम्हीं हो बंधू सखा तुम...

Ankit Bansal 1 min read

श्री चरणों को पखारने का अवसर मुझे भी दो

श्री चरणों को पखारने का अवसर मुझे भी दो। हृदय में अपने धारणे का अवसर मुझे भी दो ॥ उजड़ा हुआ चमन जो रस से विहीन था, चरणों से तेरी प्रीत का इसमें गुरूर था। करक...

Ankit Bansal 2 min read
में अपराधी जन्म का, नख शिख भरा विकार तुम दाता दुख भंजना, मेरी करो सम्हार

में अपराधी जन्म का, नख शिख भरा विकार तुम दाता दुख भंजना, मेरी करो सम्हार

में अपराधी जन्म का, नख शिख भरा विकार । तुम दाता दुख भंजना, मेरी करो सम्हार ॥ हे सतगुरु साहिब, में कई जन्मों से अपराध करते आया हुँ । मेरा पूरा शरीर विकारों से...

Ankit Bansal 1 min read
सुरति करो मम साइयाँ, हम हैं भवजल माहिं आपही हम बहा जायेंगे, जो नहिं पकरो बाहिं

सुरति करो मम साइयाँ, हम हैं भवजल माहिं आपही हम बहा जायेंगे, जो नहिं पकरो बाहिं

सुरति करो मम साइयाँ, हम हैं भवजल माहिं।  आपही हम बहा जायेंगे, जो नहिं पकरो बाहिं॥ सहिबजी आप हम पर ध्यान बनाये रखना, हम इस संसार के भवसागर/दुखों के सागर ...

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Dharam Dasji Sahib Prarthana

Dharam Dasji Sahib Prarthana

सुरति करो मम साइयाँ, हम हैं भवजल माहिं । आपही हम बहा जायेंगे, जो नहिं पकरो बाहिं॥ में अपराधी जन्म का, नख शिख भरा विकार । तुम दाता दुख भंजना, मेरी करो सम्हार ...

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